देहरादून: हरीश रावत के अवकाश के बीच सियासी हलचल तेज, यशपाल आर्य की मुलाकात से बढ़ी चर्चाएं
देहरादून। उत्तराखंड कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत इन दिनों “उपार्जित अवकाश” पर हैं, लेकिन उनके इस अवकाश ने प्रदेश की सियासत में नई हलचल पैदा कर दी है। इसी बीच पूर्व प्रदेश अध्यक्ष एवं वर्तमान नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने देहरादून स्थित उनके आवास पर शिष्टाचार भेंट की।
मुलाकात के दौरान प्रदेश की मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों, संगठन की मजबूती, आगामी चुनावी रणनीतियों और जनहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई। सूत्रों के अनुसार, बातचीत काफी सार्थक और रणनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
बता दें कि हरीश रावत ने हाल ही में 15 दिन का “उपार्जित अवकाश” लिया है और इसे उन्होंने व्यक्तिगत विश्राम का समय बताया है। हालांकि, उनके इस कदम को लेकर राजनीतिक गलियारों में कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं।
चर्चा है कि उनकी अनुपस्थिति के दौरान कुछ अन्य दलों के नेताओं के कांग्रेस में शामिल होने की घटनाओं से यह अवकाश जुड़ा हुआ माना जा रहा है। साथ ही रामनगर से संजय नेगी को कांग्रेस में शामिल न किए जाने को भी उनकी नाराजगी की एक वजह के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि, इन अटकलों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यशपाल आर्य की यह मुलाकात संगठन के भीतर सामंजस्य और रणनीतिक एकजुटता बनाए रखने के लिहाज से महत्वपूर्ण संकेत देती है। यह भी माना जा रहा है कि कांग्रेस नेतृत्व आगामी चुनावों को देखते हुए किसी भी प्रकार के अंदरूनी मतभेद को जल्द सुलझाने के प्रयास में जुटा है।
फिलहाल, हरीश रावत के अवकाश और इस दौरान हुई राजनीतिक गतिविधियों पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं। आने वाले दिनों में उनकी सक्रिय वापसी के बाद प्रदेश कांग्रेस की दिशा और रणनीति और अधिक स्पष्ट होने की संभावना है।
